મંગળવાર, 31 માર્ચ, 2009

aavo mari sathe अब यह सुविधा गुजराती मैं तो उपलब्ध नही है तो क्या करे ?जब तक गूगल गुजराती मैं आए तब तक raastra भाषा ही सहीआज इतना हीकल अवकाश प्राप्त होते ही नई दुनिया में चलेंगे, जहां होंगे सिर्फ़ हम और तुम देखिये अब हमारे देश की भाषा भी तो सही तरीके से नही लिखी जातीलेकिन प्रयास बहुत ही अच्छा हैकोई सुजाये, देश का समानार्थी शब्द हिन्दी में कैसे लिखा लिखा जाए तो आपकी बड़ी कृपा होगी